गूगल,क्रोम चला रहे हैं तो हो जाइए सतर्क, हो सकता है आपका भी डिवाइस हैक, सरकारी चेतावनी। इस तरीके से करें अपने सिस्टम को सेफ ?

If you are using Google Chrome be careful your account may also be compromised

अभी के इस इंटरनेट की दुनिया में एक बेहतर सर्च इंजन की अहमियत सभी जानते हैं। चाहे वो किसी भी प्रकार का सर्च इंजन हो। यह हमें दुनिया की खबरों से डेली लाइफ में रूबरू करवाती है। इस बीच एक इंटरनेट की दुनियां की बेहतरीन सर्च इंजन गूगल क्रोम को यूज करने पर लाखों लोगों के डिवाइस हैकिंग होने का खतरा मंडरा रहा है। इस जानकारी को खुद सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी ने लोगों से साझा किया है। साथ ही लोगों को अपने सिस्टम को लेकर सुरक्षित रहने का उपाय भी बताया है।

Window,Linux और Macbook चलाने वाले यूजर पर ज्यादा हैकिंग का खतरा। आखिर कैसे, आइए जानते हैं ?

भारत सरकार के अधीन काम करने वाले इंडियन कंप्यूटर इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम (CERT–In) साइबर सुरक्षा एजेंसी के द्वारा जारी किए गए लेटेस्ट नोटिस के अनुसार। जो उपयोगकर्ता Window,Linux और Macbook जैसी सिस्टम में गुगल क्रोम ब्राउजर का उपयोग कर रहे है। सरकारी साइबर सुरक्षा एजेंसी द्वारा सिस्टम हैकिंग होने की बात कही है।

सरकार ने एक रिपोर्ट साझा करते हुए ये कहा कि वो खामियां जो सरकारी साइबर सुरक्षा एजेंसी ने सुनिश्चित करते हुए कहा, हैकर्स को लोगो की प्राइवेट जानकारी चुराने, पासवर्ड चुराने, मिलीशियस कोड एक्जीक्यूट करने तथा आपके पूरे डिवाइस को अपने कंट्रोल में कर सकते हैं।

गूगल क्रोम के पुराने वर्जन पर हैकिंग का ज्यादा खतरा होने की आशंका सरकारी साइबर सुरक्षा एजेंसी द्वारा बताई गई

सरकारी साइबर सिक्योरिटी एजेंसी ने कहा कि गूगल क्रोम के पुराने इंस्टॉल वर्जन पर बहुत सारी कमियों का पता चला है। जिसके जरिए दूर बैठे साइबर अपराधी अपने मनमाने कोड चलाकर आपके डिवाइस को अपने कब्जे में कर सकते हैं। सरकारी साइबर सुरक्षा एजेंसी के फिलहाल की हालिया रिपोर्ट से ये पता चला है कि ये कमियां Window,Mac पर Google Chrome के पुराने वर्जन 150.0.7871.114/.115 और Linux पर Google Chrome के 150.0.7871.114 से पुराने वर्जन को ज्यादा प्रभावित करता है।

सरकारी साइबर सिक्योरिटी एजेंसी ने इस साइबर अटैक से बचने के कुछ सुझाए भी दिए हैं

इस साइबर अटैक से बचने के लिए सरकारी साइबर सुरक्षा एजेंसी ने कुछ सुझाव देते हुए नए गूगल क्रोम वर्जन को इंस्टॉल करने को कहा है। जिससे ये साइबर अटैक की परेशानी दूर हो जाएगी। साथ ही साथ आप मैनुअली भी गूगल क्रोम को अपडेट करने की बात कही।

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